आइआइएमटी गु्रप आंफ कालेज में सिविल इंजीनियरिंग के छात्रों ने टेक निरमन इबेंट सेमिनार हाल में सम्पन हुआ।
नालेज पार्क स्थित आइआइएमटी गु्रप आंफ कालेज में सिविल इंजीनियरिंग के छात्रों ने टेक निरमन इबेंट सेमिनार हाल में सम्पन हुआ। जिसमें गलगोटिया, जीएल बजाज, जीएनआईटी,एनआइइटी,आदि कालेजों के तीनसौ छात्रों ने तन्यमता से भाग ेेलिया। आइआइएमटी गु्रप आफ कालेज के विभागाध्यक्ष सासवत दास व
इसमें मुख्य रूप से ब्रीज मेकिंग,आटों कैड कम्पीटिशन, टेक्निकल क्वीज कम्पीटिशन,पोस्टर मेंकिंग,माडल मेकिंग आॅफ स्मार्ट सीटि था।
कार्यक्रम की शुरूआत आईआईएमटी गु्रप आंफ कालेज के मैनेजिगं डायरेक्टर मयंक अग्रवाल, निर्देशक डां अशोक श्रीवास्तव, डीन एकाडमिक आशीष गोपाल वर्मा, विभागाध्यक्ष सास्वत दास, बीडीएस बघेला,पीयूष जैन द्वारा दीप प्रज्जवलित के किया गया। टेक निरमन इवेंट सम्पन करानें में हर्ष,अनायत अली,समीर हुसेन,नवीन गुप्ता का महत्व पुर्ण योगदान रहा।
इस प्रोग्राम में द्विताय,तृतीय व चतुर्थ साल के छात्र छात्राओं ने हिस्सा लिया।क्वीज में मिसाइ्रल मैन अब्दुल कलाम, मिल्खा सिंह,ध्यानचंद,और व तकनीकि प्रश्न पूछे गए। आटोकैड कम्पीटिशन में अखोरी अभिजीत कुमार आइआइएमटी के प्रथम स्थान पर और उमैर अजीज अंसारी एनआईईटी के द्वितीय स्थान पर रहे और 500 रूपये का पुरस्कार व सर्टिफिकेट प्राप्त किए। क्वीज में शमसाद आलम,रूस्तम अली,आकाश पाण्डेय,नवीन त्रिपाठी, 500 रूपये का पुरस्कार व सर्टिफिकेट प्राप्त किए ें।प्रथम विनर तीन हजार और सेकेण्ड विनर दो हजार,और तीसरे को एक हजार इनाम प्रबंध निर्देशक मयंक अग्रवाल के द्वारा दिया गया। स्मार्ट के में 1500 रूपए का पुरस्कार दानिश,आयुष,जस्मुद्वीन,आमिर,रिजवानुल, तस्फुफ प्रथम स्थान पर रहें।दूसरे स्थान पर हर्ष,साहिल,रोहित कुमार आशुतोष,आमिर रजा,मयंक शर्मा,मृत्युंजय, को 1000 रूपए और निर्देशक डां अशोक श्रीवास्तव और उमेश कुमार के द्वारा प्रमाण पत्र दी गया।
आइआइएमटी गु्रप कालेज के प्रबंध निर्देशक मयंक अग्रवाल ने कहा कि ऐसे इवेंट से छात्रों के अदंर आत्मविश्वास पैदा होता है। जो व्यक्त्वि विकास में छात्रों में बाडी लाग्वेज के साथ निर्णय लेने की क्षमता शत प्रतिशत विकसित होने लगती हैं। जाहिर है इस मेगाइवेंट से दूसरे कालेजों के आए हुए छात्रों में पढाई के प्रति जरूर रूचि पैदा हुई
निर्देशक डां अशोक श्रीवास्तव ने अपने उद्वबोधन में कहा कि ऐसे प्रोगाम हमंें जिंदगी में आगे बढने के लिए प्रेरणा देते है और यही प्रेरणा हमारी जिंदगी को सफल बनाती है। सिविल इंजीनियरिंग का पूरे विश्व में महत्वपूर्ण स्थान है। सिविल इंजीनियरिंग के सहयोग से ही दुनिया का सबसे उच्चंा मंदिर मथुरा में बन रहा है। आज का दिन विश्व के इतिहास में एक महत्वपूर्ण दिन है। इसरों के वैज्ञाानिक ने पूरे विश्व में अपनी प्रतिभा का अभूतपूर्व छाप छोड़ा हैं। उन्होनंे कहा कि मंगलयान आज सुबह 8 बजे मंगल की कक्षा में प्रवेश किया। हम यह चाहते है कि आप लोग भी इसरों जैसी संस्था में जाकर भारत का नाम रोशन करें।
इस मौके पर निर्देशक उमेश कुमार, विभागाध्यक्ष रीना रानी, बीडीएस बघेला,डां अनूप नरायण सिंह, अस्सिटेंट प्रोफेसर पूजा खुराना,डंाएसपी मिश्रा, पीयूष जैन, के साथ -साथ समस्त फैकल्टी व छात्र छात्राओं का योगदान महत्व पूर्ण रहा।
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