सुप्रीम कोर्ट के फैसले के पक्ष में कांग्रेस, मंदिर पर राजनीति के दरवाजे बंद- सुरजेवाला

ROHIT SHARMA / ABHISHEK SHARMA

0 81

कांग्रेस की सर्वोच्च नीति निर्धारण इकाई कांग्रेस कार्य समिति ने कहा कि वह अयोध्या मामले पर आए सुप्रीम कोर्ट के फैसले का सम्मान करती है। पार्टी ने साथ ही कहा कि अब सभी को शांति एवं सौहार्द सुनिश्चित करना चाहिए।

सीडब्ल्यूसी की बैठक के बाद जारी बयान में कहा गया, ‘भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस अयोध्या मामले में उच्चतम न्यायालय के निर्णय का सम्मान करती है।’ कोर्ट के फैसले पर बात करते हुए पार्टी के मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने कहा कि कांग्रेस राम मंदिर निर्माण के पक्ष में है।

रणदीप सुरजेवाला ने कहा, ‘’ कांग्रेस पार्टी सभी संबंधित पक्षों और सभी समुदायों से निवेदन करते हैं कि वे भारत के संविधान में स्थापित सर्वधर्म समभाव तथा भाईचारे के उच्च मूल्यों को निभाते हुए अमन-चैन का वातावरण बनाए रखें।

 

कांग्रेस पार्टी ने आह्वान किया, ‘हर भारतीय की जिम्मेदारी है कि हम सब देश की सदियों पुरानी परस्पर सम्मान और एकता की संस्कृति एवं परंपरा को जीवंत रखें।’ पार्टी ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट का फैसला किसी एक व्यक्ति, समूह, समुदायों या राजनीतिक दलों की जीत या हार का मामला नहीं हो सकता।

कांग्रेस प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद मंदिर पर राजनीति के दरवाजे भी बंद हो गए हैं। सुरजेवाला ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट का निर्णय आ चुका है और हम राम मंदिर के निर्माण के पक्ष में हैं। इस फैसले ने न केवल मंदिर के निर्माण के लिए दरवाजे खोले बल्कि इस मुद्दे का राजनीतिकरण करने के लिए भाजपा और अन्य लोगों के लिए दरवाजे भी बंद कर दिए हैं।

आपको बता दें कि सुप्रीम कोर्ट ने आज सर्वसम्मति के फैसले में अयोध्या में विवादित स्थल पर राम मन्दिर निर्माण का मार्ग प्रशस्त कर दिया और केंद्र को निर्देश दिया कि मस्जिद निर्माण के लिये सुन्नी वक्फ बोर्ड को पांच एकड़ का भूखंड आबंटित किया जाए।

चीफ जस्टिस रंजन गोगोई की अध्यक्षता वाली 5 सदस्यीय संविधान पीठ ने इसके साथ ही 134 साल से भी अधिक पुराने इस विवाद का पटाक्षेप कर दिया। हालांकि, यूपी सुन्नी वक्फ बोर्ड ने इस निर्णय पर असंतोष व्यक्त करते हुये कहा है कि वह इस पर पुनर्विचार के लिए याचिका दायर करेगा।

You might also like More from author

Leave A Reply

Your email address will not be published.