नई दिल्ली: ‘जल जन आन्दोलन’ के दूसरे दिन पूर्व केन्द्रीय मंत्री व पूर्व दिल्ली भाजपा अध्यक्ष विजय गोयल ने आज आनंद पर्वत पर पहले लोगों की पानी की समस्याओं को सुना और फिर जल बोर्ड द्वारा सप्लाई किए जा रहे गंदे पानी की बोतलों के साथ जोरदार प्रदर्शन किया।
गोयल के साथ पूर्व महापौर जय प्रकाश व भाजपा प्रदेश के पूर्व महामंत्री रविन्दर गुप्ता भी ‘जल जन आन्दोलन’ में पहुंचे। दिल्ली में गोयल लगातार पानी को लेकर आंदोलन छेड़े हुए हैं।
गोयल ने मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल को चुनौती दी है कि वह जल बोर्ड के सप्लाई के पानी को पीकर दिखा दें, पानी इतना गंदा है कि वो भी नहीं पी सकते।
गोयल ने कहा कुछ दिन पहले हमने दिल्ली भर में यह संदेश दिया था कि जिनके यहां जल बोर्ड की सप्लाई से गंदा पानी आ रहा है, वो उसके सैम्पल हमें भेजे। 50 अलग-अलग जगहों से लोगों ने अपनी शिकायतों के साथ बोतलों में उनके घरों में जो गंदा पानी आ रहा था, उसके सैम्पल भेजे। इन सैम्पलों के साथ विजय गोयल और जय प्रकाश ने आज केजरीवाल सरकार के खिलाफ सैंकड़ों कार्यकर्ताओं के साथ गंदे पानी की बोतलों के साथ आनंद पर्वत पर प्रदर्शन किया।
गोयल ने कहा कि राजधानी के कई इलाकों में दिल्ली जल बोर्ड से गुस्साए व्यक्तियों ने दिल्ली पुलिस को फोन करके भी गंदे पानी की शिकायत करी। एक युवक का कहना था कि उसकी पत्नी उसे छोड़कर मायके चली गई है, क्योंकि उसके इलाके ख्याला हरिजन बस्ती में जल बोर्ड गंदा पानी सप्लाई करता है।
कोविड के समय में जब लोग पहले ही बीमारियों से जूझ रहे हैं, ऐसे में केजरीवाल सरकार अगर जल बोर्ड से गंदा पानी देगी तो बीमारियां और फैलेंगी। कुछ इलाकों में जहां पहले पानी आधा घंटा आता था, वहां अब सिर्फ 15 मिनट ही आ रहा है, और वो भी एक ही समय।
गोयल ने कहा कि आधी दिल्ली में तो दिल्ली सरकार टैंकरों से पानी दे रही है, जो कि बिना साफ किए सीधा अवैध तरीके से बोरिंग से भर लिया जाता है और इसके पीछे आम आदमी पार्टी के नेताओं की टैंकर माफिया से मिलीभगत है।
