New Delhi: दिल्ली में प्रदुषण का कहर काम होने का नाम नहीं ले रहा है, तापमान में गिरावट और हवा की गति धीमी होने के कारण हालात काफ़ी खराब है। इस बीच पर्यवरण मंत्री गोपाल राय ने कहा कि दिल्ली में केवल इलेक्ट्रिक वाहनों और सीएनजी से चलने वाले ट्रकों को ही अनुमति दी जाएगी। रेड लाइट ऑन, गाडी ऑफ अभियान 18 दिसंबर तक बढ़ा दिया गया है। जल छिड़काव व पीयूसीसी चेकिंग जारी रहेगी। स्थिति में सुधार होने तक ये सब जारी रहेगा।
गोपाल राय ने कहा कि दिल्ली में सभी निर्माण और विध्वंस गतिविधियां अगले आदेश तक निलंबित रहेंगी। मजदूरों के खाते में पांच हजार रुपए जमा किए जाएंगे। आवश्यक सेवाओं को छोड़कर 7 दिसंबर तक दिल्ली में ट्रकों के प्रवेश पर प्रतिबंध जारी रहेगा।
कम तापमान और कम हवा की गति के कारण स्थिति स्थिर हो गई है और आने वाले दिनों में दिल्ली की हवा की गुणवत्ता बहुत खराब रहने की संभावना है। मंत्री ने कहा कि जैसा कि भारत मौसम विज्ञान विभाग ने भविष्यवाणी की थी, अगर बारिश होती है तो स्थिति में सुधार हो सकता है।
दिल्ली सरकार ने बीते गुरुवार को इस संबंध में सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद निर्माण और विध्वंस गतिविधियों पर फिर से प्रतिबंध लगा दिया था। मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा था कि राष्ट्रीय राजधानी में निर्माण गतिविधियों पर प्रतिबंध से प्रभावित श्रमिकों को प्रत्येक को 5,000 रुपये की वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी और उनकी सरकार न्यूनतम मजदूरी के नुकसान की भरपाई भी करेगी।
इस बीच आज से स्कूलों, कॉलेजों और अन्य शैक्षणिक संस्थानों में ऑफलाइन कक्षाएं फिर से शुरू हो गईं और सरकारी कार्यालय भी फिर से खुल गए है। लेकिन सरकार के लाख कोशिश के बाबजूद प्रदूषण में कोई कमी देखने को नहीं मिल रही है।