नवरात्रि के तुरंत बाद सीएम केजरीवाल ने भेजी दरग़ाह के लिए चादर, विपक्ष ने उठाए तीखे सवाल
दशहरे के तुरंत बाद दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने जो किया उससे विपक्षी पार्टियों को राजनैतिक मसाला मिल गया है। दरअसल सीएम केजरीवाल ने नवरात्रि के तुरंत बाद कलियर शरीफ उर्स के लिए चादर को भेजा है जिसमें दिल्ली के कैबिनेट मंत्री इमरान हुसैन सहित उर्स कमेटी के चेयरमैन इस्माइल और उस कमेटी के अन्य सदस्य मौजूद रहे।
दशहरे के एक दिन बाद ही उर्स के लिए चादर भेजने से दिल्ली के राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है । विपक्ष का मानना है दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल का मुसलमान प्रेम ध्रुवीकरण की राजनीति का कारण है, केजरीवाल ऐसा इसलिए कर रहे है ताकि मुस्लिम वोटर्स को लगाया जा सके।
हजरत मखदूम अलाउद्दीन अली अहमद साबिर पाक रहमतुल्ला अलैह का उर्स हर साल 18 अक्टूबर से शुरू होकर 21 अक्टूबर तक मनाया जाता ह, इस बार इसी मौके पर सीएम केजरीवाल ने भी अपनी भागीदारी सुनिश्चित की । राजनीति से इतर आज के इस मौके पर केजरीवाल ने आपसी भाईचारा को बढ़ावा देने की भी बात कही साथ ही कोरोना का जिक्र करते हुए यह भी उम्मीद जताई कि जल्द ही पूरा विश्व कोरोना महामारी से उभर पाएगा।
दिल्ली में आम आदमी पार्टी की सरकार है और केजरीवाल पर लगातार विपक्षी पार्टियों के द्वारा मुस्लिम ध्रुवीकरण की राजनीति करने के आरोप लगते रहे है, उत्तर प्रदेश चुनाव में अब कुछ ही दिन शेष बचे हैं तो देखना ही दिलचस्प होगा कि केजरीवाल पर लग रहे विपक्ष के इन आरोपों का केजरीवाल एंड कंपनी कैसे बचाव करती है ? आपको बता दें, हाल ही में अभी कोरोना नियमों का हवाला देते हुए दिल्ली में हिंदुओं पर छठ पूजा की मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने रोक लगाई थी जिसका भाजपा ने जमकर विरोध किया था ।