देश में ओमीक्रॉन के आकड़े में आयी तेज़ी, मुंबई में धारा 144 लागू, जानें कहां कितने केस मिले
Ten News Network
New Delhi (18/12/2021): देश में कारोना के लगातार बढ़ते मामलों ने चिंता बढ़ा दी है। इस बीच मुंबई के एक स्कूल के 16 छात्र एक साथ कोरोना संक्रमित पाए गए हैं। इतनी बड़ी संख्या में विद्यार्थियों के संक्रमित होने के बाद प्रशासन में हडकंप मच गया है। आपको बतादें की स्कूल में पढ़ने वाले एक छात्र के पिता कुछ दिन पहले कतर से भारत लौटे थे। विदेश से लौटे इस शख्स समेत उनके पूरे परिवार का कोविड टेस्ट किया गया है। इस टेस्ट में शख्स की कोविड रिपोर्ट निगेटीव आई लेकिन जांच में बेटा पॉजिटिव पाया गया है। बच्चा जिस स्कूल में पढ़ता था, वहां के करीब 650 विद्यार्थीयों का कोविड टेस्ट किया गया। इसमें 16 विद्यार्थियों की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है।
मुंबई महानगरपालिक बीएमसी ने एक विज्ञप्ति जारी कर जानकारी दी है कि अमेरिका के न्यूयॉर्क से मुंबई लौटा 29 वर्षीय एक व्यक्ति ओमीक्रॉन संक्रमित पाया गया है। व्यक्ति में कोई लक्षण नहीं है। बीएमसी ने आगे कहा कि इस व्यक्ति ने फाइजर कोरोना वायरस वैक्सीन की तीन खुराक ली थी। वो 9 नवंबर को हवाई अड्डे पर जांच के दौरान कोरोन से संक्रमित पाया गया था। इसके बाद उसके सैंपल को जीनोम सीक्वेंसिंग के लिए भेजा गया था। इसमें उसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। महाराष्ट्र में ओमीक्रॉन मरीजों की संख्या 40 तक पहुंच गई है।
इस बीच मुंबई में 16 दिसंबर से 31 दिसंबर तक धारा 144 लागू कर दी गई है। धारा 144 को लेकर मुंबई पुलिस ने कहा कि कोरोना वायरस के प्रसार को रोकने के उपायों के तहत क्रिसमस और नए साल को देखते हुए शहर में बड़े आयोजनों पर प्रतिबंध लागू रहेगा। ओमीक्रॉन से सबसे ज्यादा प्रभावित राज्य महाराष्ट्र है। जहां अब तक कुल 40 केस मिल चुक हैं। वहीं दिल्ली में 22 मामले मिले हैं। राजस्थान में 17, गुजरात में 4, कर्नाटक में 3, केरल में 7, आंध्र प्रदेश में 1, तेलंगाना में 8, पश्चिम बंगाल में 1, चंडीगढ़ में 1 और तमिलनाडु में 1 मामला दर्ज किया गया है।
ओमीक्रॉन की उत्तर प्रदेश में भी एंट्री हो गई है | दिल्ली से सटे गाजियाबाद जिले में बुजुर्ग दंपति में ओमीक्रॉन की पुष्टि हुई है | दंपति की ट्रैवल हिस्ट्री महाराष्ट्र-राजस्थान से जुड़ी हुई है। दोनों इन राज्यों में कई शहरों में घूमने के बाद गाजियाबाद आए थे। वहीं राजस्थान में 17 लोग ओमिक्रोन संक्रमित हैं।
डब्ल्यूएचओ ने कहा कि ओमीक्रॉन दक्षिण अफ्रीका में डेल्टा वेरिएंट की तुलना में तेजी से फैल रहा है। ऐसा माना जा रहा है कि कम्युनिटी स्प्रेड वाली जगहों पर ओमीक्रॉन के मामले डेल्टा वेरिएंट से ज्यादा आ सकते हैं।