संसद के बजट सत्र की शुरुआत के बाद से विपक्ष ने लगातार कृषि कानूनों पर केंद्र पर हमला किया है। जिसके बाद आज राष्ट्रपति के अभिभाषण के धन्यवाद प्रस्ताव के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने महत्वपूर्ण बातें कही , साथ ही विपक्ष पर निशाना भी साधा।
पीएम मोदी ने सबसे पहले सभी सांसदों को धन्यवाद कहा, जिन्होंने राज्यसभा की कार्यवाही को अपना समय दिया। इसके बाद उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति का उद्बोधन आत्मनिर्भर भारत की राह दिखाने वाला रहा। उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति का अभिभाषण एक नई उमंग, ऊर्जा और आत्मविश्वास पैदा करने वाला था। पीएम मोदी ने राष्ट्रपति का आभार व्यक्त किया।
मोदी सरकार ने विपक्ष पर कृषि कानूनों को लेकर गुमराह करने का आरोप लगाया है , किसानों का विरोध केवल एक राज्य पंजाब में है। सरकार ने यहां तक कहा कि वह संशोधन के लिए तैयार है, लेकिन दावा किया कि कृषि कानूनों में कुछ भी गलत नहीं है।
प्रधानमंत्री मोदी ने आज राज्यसभा में कहा की मुझ पर भी कितना हमला हुआ, जो भी कहा जा सकता था कहा गया, पर मुझे बहुत आनंद हुआ, कि मैं कम-से-कम आपके काम तो आ सका।
पूरे देश में जिस तरह से नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति को मंजूरी दी गई है वह अपने आप में सराहनीय है। पूर्वी भारत भारत के उज्ज्वल भविष्य में एक बड़ी भूमिका निभाएगा।
पीएम मोदी बोले- इस देश को हर सिख पर गर्व है। उन्होंने इस देश के लिए क्या कुछ नहीं किया। हम उन्हें जो भी सम्मान देंगे वह हमेशा कम होगा। मैं पंजाब में अपने जीवन के महत्वपूर्ण वर्ष बिताने पर भाग्यशाली महसूस करता हूं। उनके लिए कुछ लोगों द्वारा इस्तेमाल की गई भाषा और उन्हें गुमराह करने का प्रयास राष्ट्र को कभी लाभ नहीं पहुंचाएगा।
पीएम मोदी बोले-हमें यह नहीं भूलना चाहिए कि पंजाब के साथ क्या हुआ। इसे विभाजन के दौरान सबसे ज्यादा नुकसान उठाना पड़ा। यह 1984 के दंगों के दौरान सबसे ज्यादा रोया था। वे सबसे दर्दनाक घटनाओं के शिकार हुए। जम्मू-कश्मीर में मासूमों की हत्या कर दी गई। हथियारों का कारोबार उत्तर पूर्व में किया जाता था। इन सबने राष्ट्र को प्रभावित किया।
पीएम मोदी ने कहा कि भारत में ‘आंदोलनजीवी’ नामक एक नया जमाना सामने आया है, जो हर विरोध में मौजूद है। देश को उनकी पहचान करने की जरूरत है। हमें देश को नई विदेशी विनाशकारी विचारधारा से बचाने की जरूरत है।
पीएम ने किसानों से आंदोलन खत्म करने को कहा है। उन्होंने कहा कि बात करने के लिए तैयार हैं। सभी विकल्प खुले हैं। पीएम ने राज्यसभा में कहा, ‘एमएसपी था, एमएसपी है और एमएसपी रहेगा।
पीएम बोले- हमारे कृषि मंत्री किसानों से बात कर रहे हैं। पीएम मोदी ने किसानों से कहा कि विरोध करना आपका अधिकार है, लेकिन बुज़ुर्ग लोग को वापस भेजें।
पीएम मोदी ने कहा कि कृषि में सुधार के लिए सभी को एकजुट होना होगा। रिकॉर्ड उत्पादन के बावजूद कृषि में समस्याएं हैं। कृषि कानूनों पर पीएम मोदी ने पूर्व पीएम मनमोहन सिंह का जिक्र किया। पीएम मोदी ने कांग्रेस को कहा कि मैं जो कर रहा हूं, उसपर आपको गर्व होना चाहिए।
पीएम मोदी बोले- हर पिछली सरकार ने कृषि सुधारों की बात की है; हर कोई कृषि में सुधार की आवश्यकता पर सहमत था। मैं बहुतों के हूं। राजनीति इतनी प्रचलित है कि लोग अपने ही विचारों को भूल जाते हैं।