‘‘पावर,उर्जा, पर्यावरण और बुद्धिमान नियंत्रण” पर दो दिन आई.ई.ई.ई. अंतराष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन जी.एल. बजाज, ग्रेटर नोएडा में किया गया।

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जी.एल. बजाज इंस्टीटयूट आॅफ टेक्नोलाॅजी एण्ड मैनेजमेंट, ग्रेटर नोएडा मंे ‘‘पावर, उर्जा, पर्यावरण और बुद्धिमान नियंत्रण’’ (पी.ई.ई.आई.आई.सी-2018) पर दो दिन आई.ई.ई.ई. अंतराष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन के पहले दिन मुख्य अतिथि डाॅ. एस.एन. सिंह, प्रो. विन्केन्जो पुयूरी, डाॅ. कुमार वैभव श्रीवास्तव, जी.एल. बजाज के उपाध्यक्ष श्री पंकज अग्रवाल, निदेशक डाॅ. राजीव अग्रवाल, डीन और प्रमुख डाॅ. एन.के. शर्मा तथा अन्य सम्मानित अतिथियों ने सम्मेलन की स्मारिका को जारी किया। डाॅ. जय सिंह, संयोजक, ने मेहमानो को बधाई दी और अंतराष्ट्रीय सम्मेलन के विषय का उल्लेख किया। निदेशक डाॅ. राजीव अग्रवाल ने अपने स्वागत भाषण में कहा कि संस्थान को इस तरह के अंतराष्ट्रीय प्रतिष्ठान के तकनीकि सम्मेलन का आयोजन करने के लिये यह एक गर्व का क्षण है। उन्होने उद्धृत करते हुये कहा कि यह सम्मेलन सहयोग करने का एक अवसर प्रदान करेगा और छात्रों, शोध विद्वानों और शिक्षाविदों को एक उचित मंच प्रदान करेगा। जी.एल. बजाज संस्थान के उपाध्यक्ष श्री पंकज अग्रवाल ने अपने अध्यक्षीय संवाद में कहा कि विद्युत अभियंत्रीकि आज के समय की मांग है और पिछले कुछ दशकों में यह कई गुना बढ गयी है।

सम्मेलन की शुरुआत में डाॅ एस.एन. सिंह (वाईस चान्सलर, एम.एम.एम.यू.टी., गोरखपुर) ने कहा कि ऐसे सम्मेलन पत्र, प्रदर्शनियों, पूर्ण वार्ता के माध्यम से विचार साझाा करने और चर्चा करने के लिये एक मंच प्रदान करते है और नए विचारों और उत्पादों के साथ खुद के अद्यतनीकरण का अवसर प्रदान करते है।

इटली के मिलान विश्वविद्यालय के प्रो. विन्केन्जो पुयूरी, ने कहा कि ऐसे सम्मेलन का उद्देश्य शोध प्रस्तुतियों के माध्यम से शिक्षाविदों और अन्य पेशेवरों में काम करने वाले शोध कर्ताओं के बीच के अंतर को भरना है। यह तकनीकि प्रगति के संदर्भ में हमारे विकास को दर्शाता है।
डाॅ. कुमार वैभव श्रीवास्तव ने कहा कि ऐसे अंतराष्ट्रीय सम्मेलन उर्जा स्त्रोतो के क्षेत्र में किये जाने वाले विभिन्न प्रकार के अनुसंधानों के बारे में बौद्विक समझ को बढाता है। उन्होनें स्मार्ट ग्रिड, स्मार्ट सेन्सर, आई.ओ.टी. और उनकी चुनौतियों के साथ नवीकरणीय उर्जा स्त्रोतो को एकीकृत करते हुए चर्चा की।

प्लेनरी वार्ता में प्रो. कैलाश श्रीवास्तव, वाईस चान्सलर, सिम्बाॅयसिस विश्वविद्यालय, इन्दौर, प्रो. सुदिप्तो सरकार, मैकमास्टर विश्वविद्यालय, कनाडा, श्री अंशुमन त्रिपाठी, हेड आॅफ कंसलटिंग, अमेरिका द्वारा विभिन्न विषयों पर प्रकाश डाला गया।
दो दिवसीय अंतराष्ट्रीय सम्मेलन में दस देशो जैसे यु.एस.ए, जापान, कोरिया, चायना, इटली, कुवेत आदि से कुल 500 से ज्यादा शोध पत्र प्राप्त हुये। जिनमें से करीब 170 शोध पत्रों का चयन किया गया। दो दिवसीय अंतराष्ट्रीय सम्मेलन के पहले दिन सम्मेलन से संबन्धित विषयों को 9 सत्रों में बाँटा गया। विभिन्न शोधकर्ताओं, शोधविद्वानों, दुनिया भर के उद्योग पेशेवरों ने 77 शोधपत्रों के रुप में अपने शोध कार्य को अंतराष्ट्रीय सम्मेलन के प्रथम दिन प्रस्तुत किया।

इस अवसर पर संस्थान के वाइस चेयरमेन श्री पंकज अग्रवाल ने कहा कि इस तरह के सम्मेलन छात्रों को नवीनतम सूचनाओं की जानकारी देने के लिये उपयुक्त होते है।

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