मेगा स्‍वास्‍थ्‍य मेला का सफल आयोजन, 2250 लोगो की हुई जांच

नोएडा डायबिटिक फोरम की नोएडा शाखा के तत्‍ववाधान में डायबिटिक माह के अवसर पर सरस्‍वती शिशु मन्दिर विद्यालय सैक्‍टर-12 नोएडा, में नि:शुल्‍क मेगा स्‍वास्‍थ्‍य मेला का आयोजन किया गया है। मेले के आयोजन में भारत विकास परिषद और नोएडा इन्‍ट्र्रप्रिनियोर एसोसिएशन अपना सहयोग दिया, यह मेला सुबह 9 बजे आरम्‍भ हुआ इसके समापन होने तक 2250  लोगों की ई.सी.जी., ब्‍लडग्‍लूको, लंग्‍स टेस्‍ट, ऑख-कान-गला, अल्‍ट्र्रासाउंड, बॉडी मांस इंडेक्‍स, इको की जांच की गई। ये जांच शहर के प्रमुख अस्‍पताल जिनमें कैलाश, इंग्‍डो–गल्‍फ, मैट्र्रो, कैलाश, मैक्‍स  के अलावा भारत विकास डाइग्नोस्टिस सेंटर  के सहयोगसे की गई। इस मेले में 20 से ज्‍यादा  फार्मास्टिकल कम्‍पनियों ने अपने स्‍टाल लगाकर दवाओं का निशुल्‍क वितरण किया।

 

नोएडा डायिबिटिक फोरम के अध्‍यक्ष डा. जी.सी. वैष्‍णव ने जानकारी देते हुए बताया कि नोएडा डायिबिटिक फोरम की स्‍थापना 1996 को 11सदस्‍यों के साथ की गई थी आज इसके सदस्‍यों की संख्‍या 800 से भी ज्‍यादा है। फोरम हर महीने के तीसरे रविवार को सामाजिक संगठनो और आर.डब्‍ल्‍यू.ए. के साथ मिलकर नि:शुल्‍क स्‍वास्‍थ्‍य शिविर का आयोजन करता है।

 

नोएडा डायबिटिक फोरम के अध्‍यक्ष डा. जी. सी. वैष्‍णव ने कहा कि इस बर्ष डायबिटिक फोरम का स्‍लोगन है कि लाईफ स्‍टाईल को कैसे बदले और लाईफ स्‍टाईल को बदल कर अपने आप को बीमारियो से कैसे बचाये। उन्‍होने बताया कि यह डायबटिज ऐसी बीमारी है जो लाईफस्‍टाइल और खान-पान के दुष्‍पभाव के कारण फैलती है, आज की लाईफस्‍टाइल और खान-पान जिसमें जंकफूड, कोला कल्‍चर, कम्‍पयूटर कल्‍चर और तनाव बच्‍चों में डायिबिटीज को बढा रहा है बचपन पर डायबिटिज का साया दिखाई देने लगा है। उन्‍होने ने बताया कि इसकी शुरूआत बच्‍चों से की जा रही है। पहले डायबिटिक बडो में होती वह भी एक उम्र के बाद लेकिन पिछले कुछ सालो से यह बच्‍चो में भी पाई जा रही है। बच्‍चो में  लाईफ स्‍टाईल में आए बदलाब के बाद मोटापा बढा रहा है। और टाईप-2 डायबटिज जो एडल्‍ट में पाई जाती थी। बह बच्‍चो में देखने को मिल रही है।

डॉ वैष्‍णव ने कताया कि नोएडा डायबिटिक फोरम ने 1200 बच्‍चो की स्‍कीनिग किया गया बच्‍चो के दांतो की जांच करने के साथ उन्‍हे डेंटल किट भी मुप्‍्त इी गई। कैम्‍प में उनके उनके वैट और सुगर को मॉनीटर करने के लिए आकडो इक्‍कठा किया गया । आज की लाईफस्‍टाइल और खान-पान जिसमें जंकफूड, कोला कल्‍चर, कम्‍पयूटर कल्‍चर और तनाव बच्‍चों में डायिबिटीज को बढा रहा है बचपन पर डायबिटिज का साया दिखाई देने लगा है शहर के स्‍कूलों के तीन प्रतिशत बच्‍चे डायबिटिज की चपेट में है.. जो एक दशक पूर्व एक प्रतिशत से भी कम था.. 17 प्रतिशत मोटापे व ओवरवेट का शिकार है..  अधिकाश मामले मां-बाप भी इस खतरे अंजान है..उन्‍हे जागरुक करने का लक्ष्‍य है।

 

डा. जी.सी. वैष्‍णव ने कि नोएडा डायिबिटिक फोरम के‍ शिविरों में व अन्‍य अस्‍पताल में जांच कराने आए मरीजों में पीपी और फास्‍टिंग की रिपोर्ट सामान्‍य के बावजूद एचबीए१सी की जांच 50 पतिशत मरीजों में बडे हुए डायबिटीज की पुष्टी हुई। इस अवसर पर डॉक्‍टरों को उनके योगदान सम्मानित किया गया।

 

पंकज जिन्‍दल ने कहा कि मेले के आयोजन में भारत विकास परिषद, और नोएडा इन्‍ट्र्रप्रिनियोर एसोसिएशन अपना सहयोग दे रहे है। नि:शुल्‍क मेगा स्‍वास्‍थ्‍य मेला  को सफल बनाने में  डॉ. आर.के.मेहता, डॉ.पी.सी.भारद्वाज, डॉ.ए.एन कौशिक, डॉ.विनोद कुमार, डॉ बीपी.श्रीवास्‍तव, डॉ.संजय शर्मा,डॉ पुनीत गुप्‍ता, डॉ पंकज,डॉ एसपी जैन, डॉ वरूण दहिया, डॉ केशव नथानी, डॉ अनुश्री और प्रताप मेहता, संजय शर्मा, विनय शर्मा, संतोष कुमार ने भी अपना सहयोग दिया।

Comments are closed.