कवि दीपक प्रियांश की “मां” पर लिखी कविता दर्शकों के मन भाई
ROHIT SHARMA
नयी उभरती हुई प्रतिभाओं को मंच देने के उद्देश्य से नोएडा की संस्था “नई पहल” द्वारा आयोजित उन्नीसवाँ कवि सम्मेलन में दिल्ली से आये नवोदित कवि दीपक प्रियांश ने माँ पर बहुत सुन्दर गीत पढ़ा |
“मै बहुत थक गया हूँ सुला दो न माँ , फिर कोई आज लोरी सुना दो न माँ ” पंक्ति जैसे ही उनके मुँह से निकली लोगों की तालियाँ अनायास ही सभागार में गुंजायमान हो गयी |