नोएडा हैबिटेट एंड कंवेंशन सेंटर के लिए प्राधिकरण फिर से जारी करेगा टेंडर

ABHISHEK SHARMA

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सांस्कृतिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए सेक्टर-94 में बनने वाले नोएडा हैबिटेट एंड कंवेंशन सेंटर देश के सबसे खास हैबिटेट सेंटर में शामिल होगा। इसको स्मार्ट बिल्डिग कॉन्सेप्ट के रूप में विकसित किया जाएगा।

हैबिटेट सेंटर के लिए नोएडा प्राधिकरण ने हाल ही में टेंडर आमंत्रित किया था, लेकिन सिर्फ एक कंपनी आने के बाद प्राधिकरण दोबारा टेंडर जारी करेगा।

अधिकारियों के मुताबिक हेबीटेट सेंटर 1980 और कंवेंशन सेंटर 42,766 वर्ग मीटर में बनाया जाएगा। हैबिटेट सेंटर 31 मंजिल होगा। इसमें 3 बेसमेंट भी होंगे। हैबिटेट ब्लॉक में पार्किग, फूड कोर्ट, आर्ट गैलरी, वर्कशॉप, वेटिग लॉन, जिम, स्वीमिग पूल आदि की सुविधा होगी। कंवेंशन ब्लॉक में भी पार्किग के अलावा बैंक्वेट हॉल, ऑडिटोरियम, कान्फ्रेंस हॉल, ओपन लॉन आदि की सुविधा होगी।

इस इमारत को ग्रीन बिल्डिग के रूप में बनाया जाएगा। ग्रीन प्लेटिनम रेटिग के लिए इसे प्रस्तावित कर दिया गया है। यहां 6 हजार वर्ग मीटर क्षेत्र को हरित क्षेत्र के रूप में विकसित किया जाएगा।

पहली बार जारी टेंडर में एक ही कंपनी ने हिस्सा लिया है। ऐसे में जल्द ही दोबारा टेंडर जारी किया जाएगा। उम्मीद है कि अगली बार अधिक कंपनियां टेंडर प्रक्रिया में हिस्सा लेंगी।

 

 

सांस्कृतिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए सेक्टर-94 में बनने वाले नोएडा हैबिटेट एंड कंवेंशन सेंटर देश के सबसे खास हैबिटेट सेंटर में शामिल होगा। इसको स्मार्ट बिल्डिग कॉन्सेप्ट के रूप में विकसित किया जाएगा।

हैबिटेट सेंटर के लिए नोएडा प्राधिकरण ने हाल ही में टेंडर आमंत्रित किया था, लेकिन सिर्फ एक कंपनी आने के बाद प्राधिकरण दोबारा टेंडर जारी करेगा।

अधिकारियों के मुताबिक हेबीटेट सेंटर 1980 और कंवेंशन सेंटर 42,766 वर्ग मीटर में बनाया जाएगा। हैबिटेट सेंटर 31 मंजिल होगा। इसमें 3 बेसमेंट भी होंगे। हैबिटेट ब्लॉक में पार्किग, फूड कोर्ट, आर्ट गैलरी, वर्कशॉप, वेटिग लॉन, जिम, स्वीमिग पूल आदि की सुविधा होगी। कंवेंशन ब्लॉक में भी पार्किग के अलावा बैंक्वेट हॉल, ऑडिटोरियम, कान्फ्रेंस हॉल, ओपन लॉन आदि की सुविधा होगी।

इस इमारत को ग्रीन बिल्डिग के रूप में बनाया जाएगा। ग्रीन प्लेटिनम रेटिग के लिए इसे प्रस्तावित कर दिया गया है। यहां 6 हजार वर्ग मीटर क्षेत्र को हरित क्षेत्र के रूप में विकसित किया जाएगा।

पहली बार जारी टेंडर में एक ही कंपनी ने हिस्सा लिया है। ऐसे में जल्द ही दोबारा टेंडर जारी किया जाएगा। उम्मीद है कि अगली बार अधिक कंपनियां टेंडर प्रक्रिया में हिस्सा लेंगी।

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